तुम यहाँ नहीं हो

 

ताकि सबकी उम्मीदों का भारी बोझ उठाओ,

ताकि अपनी खुद की झलक खो दो,

उस साँचे में ढल जाओ, जो दूसरों की पसंद का आकार है।  


पर याद रखो,

तुम्हारी आग धीमी नहीं होनी चाहिए,

डर से कि कहीं वह बुझ न जाए,

क्योंकि वह आग, तुम्हारे अंदर जलती है,

और वही तुम्हें रौशन करती है,

वही तुम्हारी ताकत बनती है।  


उन आँखों का डर जाने दो,

जो तुम्हें सिर्फ देखते हैं,

शायद उन्हें समझ ही नहीं है,

कि तुम्हारा सपना भी कोई जज़्बा है,

जो अपने आप में अनमोल है।  


और उन आवाज़ों का सहारा छोड़ दो,

जो बोलती तो हैं,

पर खामोशी में साथ नहीं निभातीं,

जो तुम्हें रोकने की कोशिश करती हैं,

पर तुम्हारे कदमों को नहीं रोक सकतीं।  


ज़िंदगी सिर्फ़ कुर्बानियों का नाम नहीं,

यह उन मुस्कानें हैं,

जो बिना वजह खिल जाती हैं,

वह पल है,

जब तुम्हारी हँसी अपने आप फूट पड़ती है,

और तुम्हारे दिल का कोई कोना

खुशियों से भर जाता है।  


साबित करने की दौड़ छोड़ दो,

अपनी सच्चाई को अपनाओ,

शांति को अपने साथी बनाओ,

और प्यार से जीओ।  


उन लोगों को चुनो,

जो तुम्हारे जीवन में रोशनी लाएं,

सिर्फ़ शोर करने वाले नहीं,

बल्कि वे साथी,

जो तुम्हारे साथ चलें,

तुम्हें और भी ऊँचा उठाएं।  


और जब दुनिया तुम्हारे लिए बहुत भारी हो,

जब तुम्हें लगे कि हर दिशा में अंधेरा है,

तो भागो मत,

खड़े रहो जैसे एक विशाल पेड़,

अपनी जड़ों को मजबूत बनाते हुए,

मौसम की मार सहते हुए भी,

अपनी शाखों को ऊँचा उठाते रहो।  


प्यार को अपना विद्रोह बनाओ,

हँसी को अपनी आवाज़ बनाओ,

उस हँसी को फैलाओ,

जो हर अंधकार में उजाला कर दे।  


छोड़ दो उन्हें,

जो तुम्हें थका दें,

और अपनाओ उन्हें,

जो तुम्हें ठीक करें,

जो तुम्हें अपने साथ रख सकें।  


हर चीज़ हमेशा नहीं रहती,

और हर पल को रोका जाना जरूरी नहीं,

पर तुम...

तुम्हें हमेशा अपने साथ रहना चाहिए।

क्योंकि तुम्हारा अस्तित्व,

तुम्हारा आत्मा,

सबसे अनमोल हैं।  


यह जीवन, यह यात्रा,

तुम्हारा ही है।

इसे प्यार करो,

इसे जीयो,

और अपनी हर एक सांस में,

अपनी अनोखी कहानी लिखो।  


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