मेरी दुनिया, मेरा संसार


मैं चलता हूँ अपनी राह पर,

जहाँ सिर्फ़ मेरी हिम्मत का वजूद है,

अंधेरों में भी मेरा दीपक जलता है,

वहीँ मेरी मंजिलें चमकती हैं,

वहीं मेरी आशाएँ फूटती हैं,

और मेरी इच्छाएँ आसमान छूने का हौसला बन जाती हैं।  


ख्वाबों का आसमां मेरा अपना,

जहाँ हर सितारा मेरे नाम का इशारा है।

मैं अपने कदमों की दिशा खुद तय करता हूँ,

कोई नहीं रोक सकता मुझे, कोई नहीं रोक सकता मुझे,

क्योंकि मैंने अपने हौसले को मजबूत बना लिया है।  


दुनिया के शोर में खोया नहीं,

मैं अपनी धुन में मग्न हूँ,

जो भी कहें, सुनें, या समझें,

मेरा बस एक ही लक्ष्य है—आगे बढ़ना,

अपनी पहचान बनाना, अपने सपनों को जिंदा रखना।  


तुम्हारी चाहतें हवा की फुसफुसाहट हैं,

जो मेरी आत्मा की आग को बुझाने की कोशिशें हैं।

मगर मैं हर झंझावात में भी खड़ा रहता हूँ,

क्योंकि मेरी जड़ें मजबूत हैं,

मेरी उम्मीदें अविनाशी हैं।  


मैं हर कदम पर खुद को मजबूत बनाता हूँ,

अपने संघर्षों की ताकत से संजोता हूँ,

और फिर नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ता हूँ,

क्योंकि मेरी दुनिया मेरी ताकत है,

और मैं उसका राजा हूँ, उसकी रक्षक हूँ।  


तुम्हारी तारीफ़ें छोटी पड़ जाती हैं,

मेरी चमक अनंत सी है,

और मेरी आवाज़ का जज़्बा गहरा है।

मैं बोलता हूँ, यह मेरा अधिकार है,

मैं नेतृत्व करता हूँ, यह मेरी पहचान है।  


आलोचना भी मुझे नहीं रोक पाती,

मैं अपने विश्वास के साथ खड़ा हूँ,

ग़लतियों से सीखता हूँ,

और फिर से उठ खड़ा होता हूँ,

क्योंकि मेरी दुनिया मेरी पहचान है।  


मैं अपने सपनों का निर्माण करता हूँ,

उनकी नींव पर खड़ा हूँ,

उनको पूरा करने का संकल्प मन में भरा है,

और जब मैं अपने पंख फैलाता हूँ,

तो आसमान भी झुक जाता है,

खुदा की तरह अपनी उड़ान भरता हूँ।  


यह मेरी दुनिया है,

यह मेरा संसार है—

जहाँ मैं हूँ, वहीं से शुरुआत होती है,

और वही मेरी मंजिल है।

यहाँ मेरी खुद की कहानी लिखी जाती है,

और मैं उसकी लेखक हूँ, उसका नायक।  


मेरे संघर्षों का गीत है,

मेरे विश्वास का इतिहास है,

और मेरी आशाओं का आसमां है—

यह मेरी दुनिया है,

यह मेरा संसार है,

जहाँ मैं हूँ, वहीं से सब शुरू होता है,

और वहीं सब खत्म भी।  

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